एक व्यक्ति जो जेएनयू में नकाबपोश हमले का ‘साफ़ा’ अपने सिर बांधना चाहता है

नेहा श्रीवास्तव, इंदौर। जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी में 5 जनवरी की शाम जमकर बवाल हुआ। कुछ नकाबधारी गुंडों ने स्टूडेंट्स और टीचर्स पर हमला किया। उन्हें बुरी तरह पीटा, कैंपस के अंदर जमकर तोड़-फोड़ मचाई।

घटना के बाद लेफ्ट संगठनों से जुड़े स्टूडेंट्स ने एबीवीपी वालों के ऊपर आरोप लगाए, तो एबीवीपी वालों ने लेफ्ट वालों के ऊपर। इस पूरी हिंसा में किसका हाथ था, इसकी जांच दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई है। ऐसी खबर आ रही है कि जांच शुरू हो चुकी है।

इधर क्राइम ब्रांच अपराधी को खोजने में अपना माथा फोड़ रही है तब तक एक महाशय आते हैं और खुल्लमखुल्ला दावा कर देते हैं कि ये हिंसा उन्होंने ही करवाई थी। इन महाशय का नाम है पिंकी चौधरी उर्फ पिंकी भैय्या।

ये ना कोई एचआरडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, ना ही मानव संसाधन विकास मंत्रालय में काम करते हंर बल्कि ये हिंदू रक्षा दल के अध्यक्ष हैं। इन्होंने अपने पोस्टर्स में हर जगह अपने दल के शॉर्ट फॉर्म एचआरडी का इस्तेमाल किया है।

खुद को हिंदू रक्षा दल का राष्ट्रीय अध्यक्ष बताते हुए शालीमार गार्डन में रहने वाले पिंकी चौधरी ने किया है। सोमवार की रात सोशल मीडिया में एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें पिंकी चौधरी कह रहे हैं कि जो भी देश विरोधी गतिविधियां करेगा उसका अंजाम जेएनयू के छात्रों की तरह होगा।

भूपेंद्र तोमर उर्फ पिंकी चौधरी ने वीडियो में कहा है कि जेएनयू में रविवार रात हुए हमले की सारी जिम्मेदारी लेते हुए कहा है।

“हमारे देश में रहते हैं, हमारे देश में खाते हैं, हमारे देश में ही शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं, ये क्या चाहते हैं? ये लोग हमारे देश में ऐसी गतिविधियां कर रहे हैं, जिसे हिंदू रक्षा दल बर्दाश्त नहीं करेगा। अगर हमारे यहां कोई देश विरोधी गतिविधियां करेगा, तो उसे इसी तरीके का जवाब दिया जाएगा। जैसा हमने कल शाम को दिया है। इसकी सारी जिम्मेदारी हम लोग लेते हैं। हमारे धर्म के खिलाफ गलत बोलते हैं, इनका व्यवहार गलत है। कई वर्षों से जेएनयू कम्युनिस्टों का अड्डा है और ऐसे अड्डे हम लोग बर्दाश्त नहीं करते हैं।”

उन्होंने दावा किया है कि जेएनयू में जो रविवार को कार्रवाई हुई है, वह सब हिंदू रक्षा दल के कार्यकर्ता थे। बताया गया है कि पिंकी चौधरी आप के कार्यालय पर हमले समेत अन्य कई मामलों में जेल जा चुके हैं। उनका यह वीडियो थोड़ी देर में ही सोशल मीडिया की सुर्खियों में रहा।

अरे नहीं पिंकी भैय्या यहीं नहीं रुके वो आगे जिम्मेदारी लेते हुए कहते हैं कि, “हम लोग अपने धर्म के लिए अपने प्राण देने के लिए तैयार रहते हैं, इसलिए ऐसी गतिविधियां हम लोग बर्दाश्त नहीं करेंगे। अगर आगे भी किसी ने देश विरोधी गतिविधियां करने की कोशिश की, तो हम ऐसी ही कार्रवाई आगे भी यूनिवर्सिटियों में कराएंगे। हिंदू रक्षा दल का भूपेंद्र तोमर, पिंकी भैय्या ये जिम्मेदारी लेता है कि कल जो जेएनयू में घटना हुई, वो सारे हमारे कार्यकर्ता थे। जो भारतमाता के लिए ऐसा काम भी नहीं कर सकता है, उसे इस देश में रहने का कोई अधिकार भी नहीं है। हम भारत माता के लिए अपने प्राण भी दे सकते हैं।”

जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में रविवार को हुई हिंसा के विरोध में और जेएनयू छात्रों के प्रति एजकुटता दिखाते हुए एनएसयूआई ने दिल्ली विश्वविद्यालय परिसर में सोमवार को मार्च निकाला। मार्च का नेतृत्व एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीरज कुंदन ने किया।

डूसू कार्यालय से मार्च की शुरुआत हुई। यहां से मार्च कैंपस लॉ सेंटर होते हुए आर्ट फैकल्टी में समाप्त हुआ। एनएसयूआई ने एबीवीपी पर हिंसा का आरोप लगाते हुए जेएनयू छात्रों के खिलाफ की गई हिंसा की कड़ी निंदा की।

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