“मैं दिल्ली के तख्त से पूछता हूं, अब तू मांगेगा मुझसे सबूत मेरे देशवासी होने का?”-जितेंद्र आव्हाद

नेहा श्रीवास्तव, इंदौर। नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देश के अलग-अलग हिस्सों में विरोध-प्रदर्शनों का दौर जारी है। इस बीच नागरिकता कानून और एनआरसी पर नेताओं के विवादित बयान भी सुनने को मिल रहे हैं।

इस बीच महाराष्ट्र कैबिनेट मंत्री और एनसीपी नेता जितेंद्र आव्हाद ने भी एक ऐसा बयान दिया है, जिस पर विवाद बढ़ सकता है। एनसीपी नेता जितेंद्र आव्हाद ने केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए कहा है कि वे देशवासी होने का सबूत नहीं देंगे।

समाचार एजेंसी एएनआई ने एनसीपी नेता जितेंद्र अवध का एक वीडियो जारी किया है। इसमें एनसीपी नेता जितेंद्र कहते हैं, “मैं दिल्ली के तख्त से पूछता हूं, अब तू मांगेगा मुझसे सबूत मेरे देशवासी होने का? तो सुन, जब तेरा बाप सर झुकाकर अंग्रेजों के तलवे चाट रहा था, तब मेरा बाप फांसी के तख्त को चूम के इंकलाब जिंदाबाद के नारे लगा रहा था।”

महाराष्ट्र में कांग्रेस, शिवसेना और एनसीपी की सरकार बनने के बाद से लगातार नेताओं की तरफ से आ रहे बयानों से सरकार को फजीहत का सामना करना पर रहा है। हाल ही में शिवसेना नेता संजय राउत ने पुणे में एक कार्यक्रम में कहा था कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी तब के मुंबई के डॉन करीम लाला से मिलने आती थीं। हालांकि मीडिया पर बयान आने के बाद संजय राउत ने सफाई दी थी और बाद मे उन्होंने अपना बयान वापस ले लिया था।

शिवसेना सेना नेता संजय राउत ने ही एक बार फिर शनिवार को कहा था कि जो लोग हिंदूवादी विचारक वी डी सावरकर को भारत रत्न दिये जाने का विरोध कर रहे हैं उन्हें अंडमान की सेल्युलर जेल में दो दिन गुजारने के लिए भेजा जाना चाहिए। जहां स्वतंत्रता सेनानी को कारावास के दौरान रखा गया था। राउत के इस बयान से वैचारिक रूप से भिन्न कांग्रेस और राकांपा की तरफ से भारी विरोध का सामना करना पड़ा था।

Next Post

फुटबॉलर आर. धनराजन के परिवार को आर्थिक सहायता देने के लिए खेले जा रहे मैच में 50 लोग घायल

Mon Jan 20 , 2020
नेहा श्रीवास्तव, इंदौर। केरल के पलक्कड़ में चल रहे एक चैरिटी फुटबॉल मैच के दौरान स्टेडियम का एक हिस्सा गिर गया। इस हादसे की वजह से 50 से ज्यादा लोग बुरी तरह घायल हो गए। घायलों को फौरन अस्पताल में भर्ती कराया गया। कुछ लोगों को ज्यादा चोट आई है, […]