गोरखपुर में पोस्टर लेकर आदित्यनाथ से गुहार लगा रहा ट्रेनी दरोगा

विभव देव शुक्ला

उत्तर प्रदेश का शहर है गोरखपुर, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का संसदीय क्षेत्र। शहर की एक ऐसी तस्वीर चर्चा में है जिसमें लाचारी नज़र आ रही है और मजबूरी भी, लापरवाही भी नज़र आ रही है और डर भी। मामले में परेशानी झेलने वाला व्यक्ति कोई और नहीं बल्कि प्रशिक्षु दरोगा है और परेशानी की वजह हैं भू-माफिया। मामले में हैरानी वाली बात यह है कि प्रशिक्षु दरोगा राहुल राव को मदद के लिए धरने पर बैठना पड़ गया।

न अधिकारी सुन रहे न सरकार
दरअसल भू माफियाओं से तंग आकर गोरखपुर के बड़हलगंज कोतवाली में तैनाती राहुल को धरने पर बैठना पड़ा। भू माफिया पिछले काफी समय से उसकी ज़मीन पर कब्जा करने में जुए हुए हैं। पीड़ित दरोगा राहुल का कहना है कि स्थानीय पुलिस के तमाम लोग भी भू माफियाओं से मिले हुए हैं। वह वर्दी में विरोध कर रहे हैं और विरोध करते हुए उनके हाथों में एक पोस्टर है। पोस्टर मे लिखा हुआ है,
‘आदरणीय योगी जी भू माफिया से मेरे घर वालो और हमारी ज़मीन को बचाओ’। प्रशिक्षु दरोगा का कहना है कि उनके महकमे में भी कोई उनकी गुज़ारिश सुनने को तैयार नहीं है। सरकार भी उनकी गुज़ारिश सुनने को तैयार नहीं है और कोई अधिकारी भी सुनने को तैयार नहीं है। ऐसे में उनके पास कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा है। इसके बाद पूरे पुलिस विभाग में हलचल मची है, सूचना मिलने पर अन्य पुलिस वाले राहुल को मौके से उठा कर ले गए हैं।

बचा है ज़मीन का छोटा सा हिस्सा
दरोगा का आरोप है कि उसके पिता ने लगभग 47 डिसिमल ज़मीन खरीदी है। पिछले काफी समय से भू माफिया उस ज़मीन पर कब्ज़ा करने में लगे हुए हैं, उनके कुछ साथियों ने तो ज़मीन के काफी हिस्से पर कब्ज़ा करके मकान भी बना लिया है। फिलहाल महज़ 9 डिसिमल ज़मीन ही बची हुई है।
अगर ध्यान नहीं दिया गया तो कुछ दिन में उतनी भी नहीं बचेगी। इस मामले पर सरकार या किसी अधिकारी की तरफ से कोई बयान नहीं आया है। लेकिन पुलिस महकमे के दरोगा का इस तरह धरने पर बैठना प्रशासन पर बड़े सवाल खड़े करता है आखिर क्यों अब अब एक पुलिस वाले को अनसुना किया गया।

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