दंगों के वक्त पुलिस वाले के सामने गोली चलाने से पहले क्या कहा था शाहरुख ने

विभव देव शुक्ला

देश की राजधानी दिल्ली में हुई हिंसा के दौरान एक घटना का वीडियो सबसे ज़्यादा सुर्खियों में था। जिस वीडियो में एक शक्स ने पथराव करती हुई भीड़ से निकल कर पुलिस वाले के सामने कई राउंड फायर किए थे और उस पर बंदूक तान दी थी। फिलहाल शाहरुख नाम का वह शक्स पुलिस की गिरफ्त में है। इस घटना का एक और पहलू है जिसे लेकर उतनी सुर्खियां नहीं बन पाईं जितनी बननी चाहिए थीं। पहलू है वह पुलिसकर्मी जिस पर शाहरुख ने अपनी बंदूक तानी थी।

भीड़ से आई गोली चलने की आवाज़
दीपक दहिया दिल्ली पुलिस में हेड कॉन्स्टेबल हैं और उन्होंने एक समाचार समूह से बात करते हुए उस दिन की पूरी घटना का वर्णन किया है। उन्होंने बताया, मौजपुर चौराहे पर मेरी ड्यूटी लगी हुई थी और शांतिपूर्ण धरना चल रहा था। सामने (जाफराबाद) की तरफ से 30-40 बंदे आए और शोर मचाने लगे तभी भीड़ उग्र हो गई। इसके बाद वह थोड़ा नज़दीक पहुँचे और पथराव करने लगे फिर मैं उन लोगों को समझाने लगा, तभी गोली चलने की आवाज़ सुनाई दी।

मैं तुम्हें गोली मार दूंगा
मैं दूसरी तरफ भागा तब एक शक्स गोली चलाते हुए आ रहा था और उसने लाल रंग की शर्ट पहन रखी थी। वह लगातार गोली चलाते हुए आगे बढ़ रहा था तभी मुझे महसूस हुआ कि कई लोग गोलियों के चलते घायल हो सकते हैं। फिर मैंने उस शक्स का ध्यान अपनी तरफ केन्द्रित किया और कहा ‘आप गोली न चलाएं यह किसी को भी लग सकती है।’
फिर उसने मुझे थोड़ा सा धक्का देकर बोला कि ‘मैं तुझे गोली मार दूंगा पीछे हट जा।’ इसके बाद उसने सड़क की दूसरी तरफ लोहे की ग्रिल पर चढ़ कर कई गोलियां चलाईं। इतना करके वह जिस भीड़ से आया था उसी भीड़ में वापस चला गया। उस समय भीड़ बहुत ज़्यादा शोर मचा रही थी और मेरे नज़दीक आकर उसने मुझे एक ही बात कहा ‘मैं तुम्हें गोली मार दूंगा, तुम पीछे हट जाओ।’

उसका ध्यान अपनी तरफ खींचा
मैं दोनों भीड़ों को मिलने नहीं देना चाहता था, मेरे ज़ेहन में बस यही था कि अगर यह लोग भीड़ में घुस गए तो बहुत बड़े पैमाने पर नुकसान हो सकता है। मेरे पास प्रोटेक्टर था, हेलमेट था और एक डंडा था। मेरी कोशिश थी कि मैं डंडा दिखा कर उसका मनोबल गिरा सकूँ और उस समय पब्लिक से ज़्यादा सुरक्षा मेरे पास थी इसलिए मैंने उसका ध्यान अपनी तरफ खींचा।
पहली बार दिल्ली के उत्तर पूर्वी इलाके में मेरी ड्यूटी लगी हुई थी। इससे पहले मैंने कभी हिंसा वाली जगह पर ड्यूटी नहीं की थी। बाद में सभी लोगों ने कहा कि मैंने बहुत अच्छा किया है, भीड़ की सुरक्षा की और अपने आप को भी सुरक्षित रखा। अच्छा लगता है जब इस तरह तारीफ़ मिलती है और आगे जो कुछ भी होगा उसके लिए तैयार रहेंगे और लोगों की सुरक्षा के लिए हमेशा आगे रहेंगे।

बीबीसी की रिपोर्ट पर आधारित

Next Post

ताहिर हुसैन पर 2 और नए केस दर्ज़ होने के साथ ही लुक आउट नोटिस जारी करने की तैयारी

Wed Mar 4 , 2020
नेहा श्रीवास्तव, इंदौर। आम आदमी पार्टी के निलंबित पार्षद ताहिर हुसैन की मुश्किलें और बढ़ गयी हैं उन पर दो और नए एफआईआर दर्ज़ कराये गए हैं। वहीं दाखिल अग्रिम जमानत की अर्जी पर सुनवाई के बाद आज को कोर्टरूम के बाहर ‘जय श्री राम’ और ‘हर हर महादेव’ के […]