दिल्ली में 25 वॉट्सऐप ग्रुप से भड़का कर कराया दंगा, ताहिर मुख्य आरोपी, खालिद-शरजील के नाम चार्जशीट में नहीं

नई दिल्ली 

दिल्ली हिंसा… दस हजार पन्नों की चार्जशीट में 15 लोगों के नाम, सभी पर यूएपीए-आईपीसी और आर्म्स एक्ट के तहत आरोप दर्ज

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने दिल्ली हिंसा में साजिश रचने के मामले में यूएपीए (गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम कानून), आईपीसी और आर्म्स एक्ट के तहत कड़कड़डूमा कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की है। चार्जशीट में 15 लोगों को आरोपी बनाया गया है।

स्पेशल सेल बुधवार को 10 हजार पन्नों की चार्जशीट दो बक्सों में लेकर अदालत पहुंची। स्पेशल सेल ने ताहिर हुसैन को मुख्य आरोपी बनाया है। इस चार्जशीट में जेएनयू के पूर्व छात्र उमर खालिद और जामिया यूनिवर्सिटी के छात्र शरजील इमाम का नाम शामिल नहीं है। इनकी जांच अभी चल रही है। दोनों के नाम पूरक चार्जशीट में शामिल किए जाने की संभावना है। बुधवार को दाखिल चार्जशीट में कहा गया है कि वॉट्सऐप ग्रुप और चैट के जरिए हिंसा फैलाने की साजिश रची गई थी। सबूत के तौर पर 24 फरवरी के वॉट्सऐप चैट को भी शामिल किया गया है। इसी दिन दंगे भड़के थे। चार्जशीट में बताया गया है कि मुख्य साजिशकर्ता प्रदर्शन करने वालों को निर्देश दे रहे थे। 25 जगहों पर दंगा फैलाने के लिए कुल 25 वॉट्सऐप ग्रुप बनाए गए थे।

पुलिस ने हर ग्रुप और उसकी भूमिका की पहचान कर ली है। बता दें कि उमर खालिद दिल्ली पुलिस की गिरफ्त में है। उसे कोर्ट ने दस दिनों की पुलिस रिमांड पर भेजा है। स्पेशल सेल के मुताबिक उमर खालिद ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के भारत आगमन के पहले अन्य आरोपियों के साथ दिल्ली में दंगों की साजिश रची थी।

आईबी अफसर की भी हत्या

नागरिकता कानून के विरोध में 24 फरवरी को उत्तर-पूर्वी दिल्ली के जाफराबाद, मौजपुर, बाबरपुर, घोंडा, चांदबाग, शिव विहार, भजनपुरा, यमुना विहार इलाकों में दंगे भड़के थे। 53 लोगों की मौत हुई थी और 200 लोग घायल हुए थे। उग्र भीड़ ने मकानों, दुकानों, वाहनों, पेट्रोल पम्पों को फूंक दिया था। दिल्ली पुलिस के हेड कॉन्स्टेबल रतन लाल की गोकलपुरी में गोली लगने से मौत हो गई थी। आईबी अफसर अंकित शर्मा की हत्या करने के बाद उनकी लाश नाले में फेंक दी गई थी।

चार्जशीट में इनके नाम

चार्जशीट में आम आदमी पार्टी से निलंबित नेता ताहिर हुसैन, पिंजरा तोड़ कार्यकर्ता देवांगना कलिता और नताशा नरवाल, पीएफआई नेता परवेज अहमद और मोहम्मद इलियाज, कार्यकर्ता सैफी खालिद, पूर्व वकील इशरत जहां, जामिया के छात्र आसिफ इकबाल, मीरन हैदर और सफूरा जरगर, शादाब अहमद और तस्लीम अहमद के नाम शामिल हैं। सभी को अनलॉफुल एक्टिविटी (प्रिवेंशन) एक्ट (यूएपीए), आईपीसी और आर्म्स एक्ट के तहत आरोपी बनाया गया है।

 

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