पौष पूर्णिमा के दिन करें ये काम, होगा सब शुभ

हिंदू पंचांग के अनुसार, आज पौष मास के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि है। इस दिन पौष पूर्णिमा मनाई जाती है। इस दिन दान, स्नान का महत्व काफी ज्यादा होता है। पूर्णिमा के चलते इस दिन चंद्रमा अपने पूर्ण आकार में होता है। ऐसे में इस दिन हरिद्वार और प्रयागराज में स्नान का महत्व अत्याधिक होता है। पौष पूर्णिमा के दिन कुछ बातों का ख्याल रखना बेहद आवश्यक होता है। यहां हम आपको इन्हीं बातों की जानकारी दे रहे हैं।

पौष पूर्णिमा पर क्या करना चाहिए:

अगर आपकी कुंडली में चंद्रमा का स्थिति कमजोर हो और आप उसे मजबूत करना चाहते हैं आपको पूर्णिमा के दिन चावल का दान करना चाहिए।

इस दिन सत्यनारायण की कथा सुनना बेहद शुभ होता है। लक्ष्मी जी को प्रसन्न करने के लिए घर के मुख्य द्वार पर आम के पत्तों की तोरण बांधनी चाहिए।

स्नान करने वाले पानी में गंगाजल मिलाएं ऐर कुश हाथ में लेकर स्नान करें।

पीपल के पेड़ की पूजा पूर्णिमा के दिन करने से महालक्ष्मी प्रसन्न हो जाती हैं। मां लक्ष्मी का वास पीपल के पेड़ पर माना गया है।

इस दिन शिवजी की पूजा करनी चाहिए। यह बेहद शुभ माना जाता है।

पौष पूर्णिमा पर क्या नहीं करना चाहिए:

इस दिन तामसिक भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए जैसे लहसुन, प्याज, मांस-मदिरा आदि।

पूर्णिमा के दिन ब्रह्यचर्य का पालन करना चाहिए।

परिवार में कलेश नहीं होना चाहिए। सुख-शांति बनाकर रखनी चाहिए। किसी के लिए गलत शब्द का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

अपने सामर्थ्यनुसार गरीबों को दान करना चाहिए

नोट– उपरोक्‍त दी गई जानकारी व सूचना सामान्‍य उद्देश्‍य के लिए दी गई है। हम इसकी सत्‍यता की जांच का दावा नही करतें हैं यह जानकारी विभिन्‍न माध्‍यमों जैसे ज्‍योतिषियों, धर्मग्रंथों, पंचाग आदि से ली गई है । इस उपयोग करने वाले की स्‍वयं की जिम्‍मेंदारी होगी ।

Next Post

सर्द मौसम में स्किन को नुकसान से बचना है तो इन बातों का रखें खास ख्‍याल

Thu Jan 28 , 2021
ठंडी हवाओं की वजह से त्वचा में रूखापन और खिंचाव नजर आने लगता है. ऐसे में स्किन की देखभाल करना थोड़ा मुश्किल हो जाता है. जिसकी वजह से स्किन बेजान और शुष्क नजर आने लगती है. हालांकि कभी कभी हम आलस की वजह से छोटी- छोटी गलतियां कर देते हैं […]