चंद्रमा पर जमीन देखने जाएगी नासा की टीम, जानें क्‍यों?

न्यूयॉर्क। चांद पर बसने और वहां पर एक घर हो, ऐसा सोचते ही किसी का भी मन रोमांचित हो सकता है। चंद्रमा की यात्रा से लेकर चांद पर जमीन खरीदने की खबरें तो आती ही रहती हैं। जाहिर है जब इंसान चांद पर जमीन खरीदेगा तो वहां बसने की भी सोचेगा। बसने के लिए मकान की जरूरत होगी। साथ ही गुणा-भाग भी करना होगी की चांद पर पहुंचने से लेकर एक घर बनाकर वहां रहन-बसर करने में कितना खर्च आएगा। इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखते हुए मनी नाम की एक क्रेडिट ब्रोकर फर्म ने एक गाइड जारी कर चांद पर रहने के खर्चों का ब्यौरा पेश किया है।

दरअसल, नासा के वैज्ञानिकों की टीम साल 2024 में आर्टेमिस नामक मिशन के तहत चांद की सतह पर स्थाई निर्माण के लिए जगह तलाशने की तैयार में है। इसे देखते हुए ग्राहकों को उनके पसंदीदा उत्पाद खरीदने के लिए कर्ज की व्यवस्था करवाने वाली अमेरिका का मनी फर्म ने अध्ययन के बाद अनुमान लगाया है कि चांद की सतह पर बनने वाले घरों में रहने के लिए लोगों को 325,067 डॉलर (करीब दो करोड़ 35 लाख रुपये) से ज्यादा खर्च करने पड़ेंगे।

पहला घर बनाने में अधिक होगा खर्च
क्रेडिट ब्रोकर फर्म के अनुसार चांद पर एक अनुकूल घर बनाने व इसमें रहने के लिए जरूरी संसाधन जैसे एयर सील, एयर-कॉन और हीटर, उल्का प्रूफ खिड़कियां, इन्सुलेशन और ऊर्जा के जैविक स्रोतों पर भारी खर्च बैठेगा। चंद्रमा पर बनने वाले घरों के लिए सामग्री धरती से ही भेजी जाएगी। यहां घर की मजबूती उस स्तर पर बनाने की जरूरत है, जिस स्तर पर भारी उद्योग की फैक्ट्रियां लगाई जाती हैं। घर के खिड़की-दरवाजे ऐसे होने चाहिए, जो अंतरिक्ष में तैरते उल्कापिंड की मार झेल सकें। साथ ही चौबीसों घंटे बिजली-पानी की व्यवस्था भी करनी होगी। इस सब खर्चे को मिलाकर अनुमान लगाया गया है कि चांद पर पहला घर बनाने की कीमत में करीब 360 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। हालांकि, दूसरा घर बनाने में 300 करोड़ रुपये तक का खर्च आ सकता है क्योंकि मजदूर व सामग्री पहले से ही चंद्रमा पर मौजूद होगी।

इस गाइड में चांद पर सबसे अधिक मांग वाले स्थानों को संकलित किया गया है। इसमें सी ऑफ रेंस को सही पारिवारिक उपनगर माना जाता है। यह क्षेत्र उत्तर में बैठता है और सौर मंडल में सबसे बड़े प्रभाव वाले गड्ढों में से एक है। यह इलाका यहां का सबसे अच्छा मोहल्ला बन सकता है। इसे मेयर इंब्रीयम भी कहा जाता है। यह क्षेत्र 300 करोड़ साल पहले चंद्रमा के किसी ग्रह के टकराने से बना था। इसकी परिधि गोलाकार है। इसके इर्द-गिर्द पहाड़ हैं, जो इसे हिल स्टेशन की शक्ल देता हैं। हालांकि, अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी केवल अंतरिक्ष यात्रियों को भेजने पर केंद्रित है, जबकि अन्य कंपनियां भविष्य के लिए आगे देख रही हैं जब मनुष्य प्राकृतिक उपग्रह का उपनिवेश करेंगे।

बिजली पैदा करने में लगेगी 1.3 बिलियन डॉलर की लागत
टीम ने चंद्रमा पर एक घर की लागत की गणना करने के लिए विभिन्न कारकों का उपयोग किया। इसमें एक घर बनाने के लिए जरूरी कच्चे माल, चंद्रमा के वातावरण पर निर्माण करने के लिए आवश्यक विशेष सामग्री, यात्रा करने के लिए आवश्यक अंतरिक्ष यात्री और परिवहन सामग्री की औसत लागत को शामिल किया गया है। इस अध्ययन के बाद तैयार की गई गाइड में बताया गया है कि चांद पर बिजली पैदा करने का सबसे कारगर तरीका एक छोटा परमाणु रिएक्टर है जिसकी लागत 1.3 बिलियन डॉलर है। वहीं वैकल्पिक रूप से 34 सौर पैनलों में निवेश करने से एक घर चलाने के लिए पर्याप्त बिजली पैदा होगी और इसकी तुलना में केवल 23,616 डॉलर की लागत आएगी।

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