– राकेश सैन हालांकि भारत में सदियों से धर्मांतरण होता आया है परन्तु कट्टरवाद के रेगिस्तान के बीच-बीच में कुछ नखलिस्तान भी आते रहे हैं जो जुनूनी आग से मानवता को राहत पहुंचाने का काम करते रहे हैं। इन्हीं राहत के टापुओं में एक नाम है बीबी अमतुस्सलाम का। देश […]

– जावेद अनीस कोरोना की दूसरी लहर धीमी पड़ रही है, लेकिन इसी के साथ ही तीसरे लहर की आहट भी सुनाई पड़ने लगी है. आशंका जताई जा रही है कि तीसरी लहर सितंबर से अक्टूबर माह के बीच आ सकती है. दूसरी लहर ने हमें तैयारी के लिये करीब […]

– डॉ. नीलम महेंद्र उत्तर प्रदेश के ताजा घटनाक्रम से विषय की संवेदनशीलता इसलिए बढ़ जाती है क्योंकि अब तक अधिकतर गरीब मजलूम और कम पढ़े लिखे लोग ही धर्मांतरण का शिकार होते थे लेकिन इस बार धर्मांतरण करने वाले लोगों में पढ़े लिखे डॉक्टर, इंजीनियर और एमबीए तक करे […]

– रमेश सर्राफ धमोरा कोरोना महामारी के प्रकोप के बीच राहत देने के लिए केन्द्र सरकार ने पहले 20 लाख करोड़ का तथा गत दिनों सात लाख करोड़ रुपयों के राहत पैकेज की घोषणा की थी। मगर सरकार की इन घोषणाओं का भी आम आदमी को विशेष लाभ नहीं मिल […]

– अरुण जिंदल दुनिया अभी कोरोना की दूसरी लहर से पूरी तरह उभरी भी नहीं है कि कुछ देशों में फिर से बढ़ते आंकड़े तीसरी लहर की आशंका को जन्म देने लगे हैं। कोरोना की दूसरी लहर ने भारत में सबसे अधिक तबाही मचाई थी। इंसानी जानों के अलावा इसने […]

– डॉ. वेदप्रताप वैदिक ईरान के साथ चीन ने इतना बड़ा सौदा कर लिया है, जिसकी भारत कल्पना नहीं कर सकता। 400 बिलियन डाॅलर चीन खर्च करेगा, ईरान में ! काहे के लिए ? सामरिक सहयोग के लिए। इसमें आर्थिक, फौजी और राजनीतिक- ये तीनों सहयोग शामिल हैं। भारत वहां […]

– डॉ. प्रभात ओझा म्यांमार के नागरिक मुसीबत में हैं। लोकतंत्र के लिए प्रदर्शन कर रहे लोग मौत के मुंह में समा रहे हैं। जो हालात से डरकर भागना चाहते हैं, उन्हें पड़ोसी देश अपने यहां आने नहीं देना चाहते। चुनी हुई सरकार के फरवरी में तख्ता-पलट के बाद 29 […]